यौन संबंध बनाते समय आपको इतना दर्द क्यों होता है?

औरतें अपने प्राइवेट पार्ट्स पर अक्सर ध्यान नहीं देतीं. या शर्मिंदगी की वजह से कुछ कहती नहीं.

सरवत फ़ातिमा सरवत फ़ातिमा
दिसंबर 07, 2018
ये आपकी सेहत का सवाल है तो खुलकर बात करिए. फ़ोटो कर्टसी: Pixabay

जब बात सेक्शुअल हेल्थ की आती है तो ज़्यादातर औरतों को इसकी कम ही मालूमात होती है. ये तो सबको पता है कि बीमारियों से बचने के लिए सेफ़ सेक्स की हिदायत दी जाती है. कॉन्डम इस्तेमाल करने को कहा जाता है. ये इसलिए ताकि सेक्स से होने वाले इंफेक्शन से बचा जा सके. इनको एसटीआई (STI) कहते हैं. यानी सेक्शुअली ट्रांसमिटेड इन्फेक्शंस. ये बहुत आम हैं. पर थोड़े ख़तरनाक भी.

ज़रूरी है कि इनके कुछ लक्षण आपको पता हों. और अगर ये लक्षण आप महसूस करें तो तुरंत डॉक्टर के पास जाएं. डॉक्टर वसुंधरा पंत फ़ोर्टिस हॉस्पिटल मुंबई में स्त्री रोग विशेषज्ञ हैं. उन्होंने ऐसे ही कुछ आम लक्षणों के बारे में हमें बताया.

वजाइना से सफ़ेद डिस्चार्ज निकलना

वजाइना से सफ़ेद रंग का डिस्चार्ज निकलना आम बात है. ये एकदम नॉर्मल है. पर अगर ये डिस्चार्ज पीले या हरे रंग का निकलने लगे तो दिक्कत वाली बात है. ऐसा सरविक्टिस की वजह से होता है. ये एक तरह का इन्फेक्शन है गर्भाशय की ओपनिंग में. इस इन्फेक्शन को क्लैमीडिया कहते हैं.

सेक्स के दौरान दर्द होना और खून आना

अगर आपको सेक्स के दौरान ज़्यादा दर्द होने लगा है तो उसे इग्नोर मत करिए. इन्फेक्शन की वजह से गर्भाशय के निचले हिस्से में स्वेलिंग आ जाती है. साथ ही ये बहुत सेन्सेटिव भी हो जाता है. इसलिए खून भी निकलता है.

1_120718090714.jpegऔरतों के पास चुप-चाप सहने के अलावा कोई चारा नहीं होता. और यही हमारे समाज की दिक्कत है. फ़ोटो कर्टसी: Pixabay

पेशाब करते समय जलन होना

सबसे बड़ी दिक्कत है कि औरतें एसटीआई (STI) को यूरिनरी ट्रैक्ट इन्फेक्शन से कन्फ्यूज़ कर देती हैं. वो इसलिए क्योंकि पेशाब करते वक़्त जलन दोनों में ही होती है. साथ ही ऐसा लगता है कि पेशाब होने वाली है, पर होती नहीं है. ये पेशाब की नली में इन्फेक्शन की वजह से होता है.

पीठ के निचले हिस्से में दर्द

अगर आप डॉक्टर के पास नहीं जाती हैं, इलाज नहीं करवाती हैं, और वो बढ़ जाता है तो उसका नतीजा होता है पीठ के निचले हिस्से में दर्द. एसटीआई की वजह से पेल्विक इन्फ्लामैटरी डीज़ीज़ हो जाती है. ये एक तरह का इन्फेक्शन होता है जो गर्भाशय और ओवरीज़ में होता है. इलाज न होने की वजह से बैक्टीरिया वजाइना से शरीर के बाकी हिस्सों में फैल जाता है.

bed_120718090754.jpgये किसी को भी हो सकता है. किसी भी उम्र में. फ़ोटो कर्टसी: Pixabay

बुखार और उल्टी

एसटीआई की एक निशानी है बुखार और उल्टियां. वो भी हर समय. ये तब होता है जब इन्फेक्शन फेलोपियन ट्यूब तक पहुंच जाता है. अब ये फेलोपियन ट्यूब क्या होती हैं? ये होती हैं वो नलियां, जिससे अंडे ओवरीज़ से गर्भाशय में जाते हैं. ये लक्षण बुखार के भी होते हैं. इसलिए ध्यान देना ज़रूरी है. साथ ही शरीर में कंपन भी होता है.

 

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